0 शहरों से लेकर तक गांव सड़कों के गड्ढे तालाब बन चुके, नए पुल पुलियों के स्लैब गिर रहे
रायपुर। पूरे प्रदेश में सड़कों की बदहाल स्थिति के लिए भाजपा की सरकार को जिम्मेदार ठहराते हुए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा है कि सड़कों को प्रदेश के विकास की धमनी कहा जाता है, सरकार नई सड़के तो बना नहीं पा रही, पुराने सड़कों की मरम्मत जो नियमित प्रक्रिया है, वह भी पूरी तरह बंद है। छत्तीसगढ़ में साय सरकार का आधे से अधिक कार्यकाल गुजर चुका है लेकिन अभी तक केवल मंजूरी और स्वीकृति के फर्जी दावे से आगे नहीं बढ़ पाए हैं। भाजपा के कुशासन में केवल भ्रष्टाचार का ही विकास हुआ है, सड़कों रखरखाव के जिम्मेदार अधिकारी मंत्रियों के परिजनों की तेरही के बंदोबस्त में रहे, आम जनता टैक्स चुकाकर भी मूलभूत सुविधाओं के लिए तरस रही है। भाजपा के कुशासन में भ्रष्टाचार ही विकास है। शहरों से लेकर गांव सड़कों के गड्ढे तालाब बन चुके, नए पुल-पुलियों के स्लैब गिर रहे।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा है कि विगत ढ़ाई साल में हजारों करोड़ पीडब्लूडी को बजट आबंटन किया गया जब सड़के बदहाल हैं तो यह राशि आखिर गई कहां? जो भी नए सड़क पुल पुलिया बने भी वे उद्घाटन से पहले या ठीक बाद ही जर्जर हो गए। पीडब्लूडी मंत्री के गृह जिले मुंगेली जिले के अमर टापू धाम में करीब साढ़े चार करोड़ रुपये की लागत से बन रहे पुल का स्लैब पहली ही ढलाई में गिर गया, निर्माण गुणवत्ता और विभागीय निगरानी, और भ्रष्टाचार की कलई खुल गई है। यह सरकार केवल कमीशनखोरी में मस्त है। निर्माण में घटिया सामग्री, तकनीकी लापरवाही और ठेकेदारों से अनुचित वसूली की वजह से ही यह हादसा हुआ। गरियाबंद जिले में कोसुमबूड़ा पुल तेज बहाव में टूट गया, जिससे दस से ज्यादा गांवों का संपर्क मुख्यालय से कट गया। अब ग्रामीणों को अस्पताल, स्कूल, बाजार और बैंक तक पहुंचने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सूरजपुर जिले के सुखदेवपुर नाला में टूटी पुलिया और अधूरे रपटा की वजह से स्कूली बच्चों, महिलाओं और किसानों को रोज जान जोखिम में डालकर उफनता नाला पार करना पड़ रहा है। परिजन बच्चों को कंधे पर बैठाकर स्कूल पहुंचा रहे हैं, जबकि किसान ट्रैक्टर और मवेशियों के साथ बड़ी मुश्किल से आवाजाही कर रहे हैं। पामगढ़, रायगढ़, कवर्धा, मुंगेली सहित प्रदेश की जनता सड़कों में गड्डो पर भरे पानी में नहाते हुए वीडियो बनाकर इस सरकार की नाकामी को उजागर कर रही है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा है कि छत्तीसगढ़ में लोक निर्माण विभाग, नगरीय निकाय विभाग, पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग, पीएचई विभाग के भ्रष्टाचार एक के बाद एक उजागर हो रहे हैं। विगत दिनों लोक निर्माण विभाग के 50 लाख के टेंडर में अपने चहेते अपात्र ठेकेदार को लाभ पहुंचाने के लिए इरादतन दस्तावेजों में हेरफेर की गई, जरूरी रजिस्ट्रेशन और इलेक्ट्रिकल लाइसेंस की अनिवार्यता से छूट देकर क्वालीफाई कर दिया, नियमानुसार फर्म को अयोग्य घोषित किया जाना चाहिए था, इसके बावजूद उसी फर्म को कार्य सौंपे दिया गया। पूरे प्रदेश में निर्माणाधीन पुलों के स्लैब ढह रहे हैं, कई जिलों में गुणवत्ताहीन पुल-पुलियों की हकीकत भी इस सरकार के कमीशनखोरी और भ्रष्टाचार को उजागर कर दिया है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा है कि भ्रष्टाचार के मामले में केंद्र सरकार के विभाग भी पीछे नहीं हैं, रायपुर विशाखापट्नम भारतमाल सड़क निर्माण से पहले ही दर्जनों जगहों पर दरक चुका है, सड़क से बनाएं गए ढलान बह चुके हैं, राख बिछाकर बिना तय प्रक्रिया के उसके ऊपर गुणवत्ताहीन सड़क बना दिया गया। राजनांदगांव जिले के ग्राम बरगा में रेलवे द्वारा लगभग 26 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित ओवरब्रिज के लोकार्पण के महज एक महीने के भीतर ही पुल में चौड़ी दरारें दिखाई देने लगी हैं। पहली ही बारिश ने निर्माण कार्य की गुणवत्ता की पोल खोल दी। पुल की सड़क कई जगहों से फटकर दो हिस्सों में बंटती नजर आ रही है, जिससे लोगों में दहशत का माहौल है। आम जनता के जान माल की चिंता इस सरकार को नहीं है।