0 आजादी के दिन स्कूल में ध्वजारोहण की जगह विकासखंड कार्यालय में तिरंगा फहराकर बच्चों ने मांगी स्कूल बिल्डिंग
रायपुर। प्रदेश कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि दुर्ग जिले के धमधा विकासखंड के खैरझिटी गांव के बच्चों और ग्रामीणों ने आजादी के पर्व पर भाजपा सरकार के शिक्षा व्यवस्था के खोखले दावों की पोल खोल दी। स्कूल की अपनी बिल्डिंग नहीं होने के कारण बच्चों को स्कूल में ध्वजारोहण करने के बजाय धमधा विकासखंड कार्यालय के बाहर तिरंगा फहराकर सरकार से स्कूल भवन की मांग करनी पड़ी। यह घटना भाजपा सरकार के तथाकथित सुशासन के मुंह पर करारा तमाचा है।
प्रदेश कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि दुर्ग शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव का गृह जिला है और साजा विधायक ईश्वर साहू का विधानसभा क्षेत्र है। इसके बावजूद शिक्षा मंत्री के गृह जिले में बच्चों को स्कूल भवन तक नसीब नहीं है। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि पूरे छत्तीसगढ़ में शिक्षा व्यवस्था किस बदहाली से गुजर रही है।
प्रदेश कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि प्रदेश में 8,106 से अधिक स्कूल जर्जर हैं, जिनमें 3,700 से अधिक स्कूल अति-जर्जर और खतरनाक स्थिति में हैं। भाजपा सरकार बच्चों की सुरक्षा और भविष्य की चिंता करने के बजाय विज्ञापन और प्रचार में व्यस्त है। जब स्कूल की छत, दीवार और शिक्षक तक पर्याप्त नहीं हैं, तो भाजपा सरकार किस गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की बात कर रही है?
प्रदेश कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि केंद्र के शिक्षा मंत्रालय की हालिया रिपोर्ट ने भी छत्तीसगढ़ की भाजपा सरकार की स्कूल शिक्षा व्यवस्था की कलई खोल दी है। प्रदेश के 30,709 सरकारी प्राथमिक स्कूलों में 5,415 स्कूल ऐसे हैं जहां केवल एक शिक्षक है। 14 स्कूलों में एक भी विद्यार्थी नहीं है और 9,618 स्कूलों में 30 से कम विद्यार्थी हैं। प्राथमिक स्तर पर 29.1 प्रतिशत स्कूलों में विद्यार्थी-शिक्षक अनुपात प्रतिकूल है। उच्च प्राथमिक स्तर पर भी 242 स्कूल एकल-शिक्षक के भरोसे चल रहे हैं।
प्रदेश कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि केंद्र के शिक्षा मंत्रालय के अधिकारियों को भी राज्य सरकार को स्कूलों में पर्याप्त शिक्षक सुनिश्चित करने की सलाह देनी पड़ रही है। इससे बड़ा प्रमाण भाजपा सरकार की शिक्षा व्यवस्था की नाकामी का और क्या होगा?
प्रदेश कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने पूछा कि जिस प्रदेश में हजारों स्कूल एक शिक्षक के भरोसे चल रहे हों, हजारों स्कूल जर्जर हों और बच्चों को ध्वजारोहण के लिए भी स्कूल भवन न मिले, वहां भाजपा सरकार किस मुंह से शिक्षा में सुधार के दावे कर रही है? सरकार बताए कि एकल-शिक्षक स्कूलों में अतिरिक्त शिक्षकों की नियुक्ति कब होगी? जर्जर स्कूलों का पुनर्निर्माण कब होगा? खैरझिटी जैसे बच्चों को स्कूल भवन के लिए आंदोलन क्यों करना पड़ रहा है?
प्रदेश कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि भाजपा सरकार के लिए बच्चों का भविष्य प्राथमिकता नहीं, केवल प्रचार प्राथमिकता बन गया है। सरकार विज्ञापनों से बाहर निकले और स्कूलों की जमीन पर मौजूद सच्चाई देखे। शिक्षक भर्ती, पर्याप्त स्टाफ, सुरक्षित स्कूल भवन, जरूरी अधोसंरचना और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुनिश्चित करना सरकार की पहली जिम्मेदारी है।
प्रदेश कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि आज खैरझिटी के बच्चों ने तिरंगे के सामने सरकार से स्कूल भवन मांगा है। भाजपा सरकार को इस आवाज को दबाने के बजाय सुनना चाहिए। बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ बंद कर तत्काल स्कूल भवन और पर्याप्त शिक्षकों की व्यवस्था की जाए।