० स्वास्थ्य व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित सरकारी अस्पताल से लेकर मितानिनों तक दवा संकट सरकार मौन
रायपुर। ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य व्यवस्था की पहली कड़ी मितानिनों को बीते कई माह से 22 प्रकार की दवाई नहीं मिलने पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि भाजपा सरकार में स्वास्थ्य व्यवस्था बुरी तरह से प्रभावित हो गई है। ग्रामीण क्षेत्रो में प्राथमिक स्वास्थ्य की पहली कड़ी मितानिनों को बीते कई माह से जरूरी दवाईयां उपलब्ध नहीं कराई गई जिसके चलते प्राथमिक स्वास्थ्य की व्यवस्था लड़खड़ा गई है। बस्तर सम्भाग सहित प्रदेश के ग्रामीण अंचलों में एक-एक मितानिनों पर 30 से 40 घरों की प्राथमिक ईलाज की जिम्मेदरीं है लेकिन जरूरी दवाई नहीं होने के कारण मरीजो को निजी ईलाज के लिए भटकना पड़ रहा है। मितानिनों को ट्रेनिंग के दौरान गर्भवती महिला का देखभाल, संस्थागत प्रसव, सर्प दंश के लिए अस्पताल ले जाना, सर्दी, बुखार, दर्द, पेट दर्द, उल्टी दस्त, एलर्जी का ईलाज, करने की ट्रेनिंग दी गई है। ईलाज के लिये सर्दी, बुखार, पेट दर्द की दवा, ओआरएस घोल, मल्टी विटामिन टेबलेट, घाव एवं एलर्जी के लिये, एंटीसेप्टिक क्रीम, बीटाडीन, डिटॉल साल्यूशन, लोशन सहित 22 प्रकार की दवाई दी जाती है, लेकिन दवा नहीं होने के चलते मितानिन ईलाज नहीं कर पा रहे है, ऐसे में मरीजो से उनका विवाद हो रहा है एवं मरीज ईलाज कराने गांव से बाहर जा रहे है ये बेहद चिंताजनक स्थिति है। मितानिनों में पूरा वेतन भी समय पर मिल नहीं रहा है। मानदेय वृद्धि की घोषणा हुई है लेकिन अभी तक अमल में लाया नहीं गया है, पुराना मानदेय ही दिया जा रहा है वो भी किस्तों में। ये सब भाजपा सरकार की लापरवाही के चलते ग्रामीण क्षेत्रों में ये परिस्थितियाँ निर्मित हुई है।
प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि भाजपा सरकार की प्राथमिकता में जनता स्वास्थ्य सुविधा नहीं है। ढाई साल की सरकार में जिला अस्पताल से लेकर मितानिन तक दवा नहीं होने की शिकायत आ रही है। ऐसे में करोड़ो रुपया का स्वास्थ्य का बजट खर्च कहाँ हो रहा है? सरकारी अस्पतालों से मरीजो को खून टेस्ट, सिटी स्कैन, एक्सरा, खून जांच कराने निजी लैब में भेजा जा रहा है, गर्मी के दिनों में मरीजो के लिए कूलर, एसी की व्यवस्था नहीं है, मुख्यमंत्री स्वास्थ्य स्लम योजना की मोबाईल वाहन रास्ते में बिगड़ जा रही है। एम्बुलेंस समय पर मिल नहीं रहा, मरीजो को परिजन कंधे में खाट लादकर एवं मोटर सायकिल में लकड़ी का तख्ता रखकर लाने मजबूर है। आखिर सरकार को जनता की स्वास्थ्य की चिंता क्यों नहीं है? प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि सरकार तत्काल ग्रामीण क्षेत्रों के मितानिनों को जरूरी 22 प्रकार की दवाई उपलब्ध करवाये, उनकी मानदेय विसंगति को दूर करे।