भारतीय व्यापार महोत्सव 2026 ने रचा इतिहास, 1.8 लाख आगंतुक और ₹5,000 करोड़ से अधिक के व्यापारिक अवसर

रायपुर। भारत मंडपम, नई दिल्ली में कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (CAIT) एवं इंडिया ट्रेड प्रमोशन ऑर्गेनाइजेशन (ITPO) द्वारा आयोजित चार दिवसीय भारतीय व्यापार महोत्सव (BVM) 2026 ऐतिहासिक सफलता के साथ संपन्न हुआ। आयोजकों के अनुसार, महोत्सव में 1.8 लाख से अधिक लोगों ने हिस्सा लिया, जबकि 23 देशों के 347 विदेशी प्रतिनिधियों की भागीदारी से ₹5,000 करोड़ से अधिक के व्यापारिक अवसर सृजित हुए।

CAIT के राष्ट्रीय वाइस चेयरमैन एवं राष्ट्रीय व्यापारी कल्याण बोर्ड के सदस्य अमर पारवानी छत्तीसगढ़ इकाई के चेयरमेन जितेन्द्र दोशी, विक्रम सिंहदेव, प्रदेश अध्यक्ष परमानंद जैन, वाइस चेयरमेन सुरिन्दर सिंह, जीवत बजाज, प्रदेश महामंत्री अवनीत सिंह, प्रदेश कोषाध्यक्ष विजय पटेल, कार्यकारी अध्यक्ष राजेन्द्र जग्गी, वासु माखीजा, राम मंधान, भरत जैन, राकेश ओचवानी एवं शंकर बजाज ने संयुक्त रूप से बताया कि महोत्सव ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘वोकल फॉर लोकल’, ‘लोकल टू ग्लोबल’ और ‘आत्मनिर्भर भारत’ के विजन को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

महोत्सव में व्यापारी, निर्माता, निर्यातक, स्टार्टअप, निवेशक, नीति-निर्माता, उद्योग प्रतिनिधि, उपभोक्ता और विदेशी खरीदार शामिल हुए। B2B बैठकों, व्यापारिक संवाद, सोर्सिंग चर्चाओं और साझेदारी वार्ताओं के माध्यम से बड़े पैमाने पर नए कारोबारी अवसर बने।

23 देशों के 347 विदेशी प्रतिनिधि हुए शामिल

भारतीय व्यापार महोत्सव की प्रमुख विशेषता इसकी अंतरराष्ट्रीय भागीदारी रही। 23 देशों के 347 विदेशी प्रतिनिधियों ने महोत्सव में हिस्सा लिया। इस दौरान भारतीय उद्यमों के साथ सोर्सिंग, रणनीतिक साझेदारी, संयुक्त उपक्रम, तकनीकी सहयोग, कॉन्ट्रैक्ट मैन्युफैक्चरिंग और दीर्घकालिक कारोबारी संबंधों को लेकर चर्चा हुई।

महोत्सव में कृषि एवं खाद्य प्रसंस्करण, FMCG, ऑर्गेनिक उत्पाद, वस्त्र एवं परिधान, हस्तशिल्प, स्वास्थ्य सेवाएं, फार्मास्यूटिकल्स, इंजीनियरिंग, इलेक्ट्रॉनिक्स, अक्षय ऊर्जा, निर्माण सामग्री, ऑटोमोबाइल कंपोनेंट्स, लॉजिस्टिक्स, डिजिटल समाधान, ई-कॉमर्स, पर्यटन और MSME सहित विभिन्न क्षेत्रों की भारतीय क्षमताओं का प्रदर्शन किया गया।

छत्तीसगढ़ की बड़ी भागीदारी ने बढ़ाया प्रदेश का गौरव

CAIT छत्तीसगढ़ के प्रदेश अध्यक्ष परमानंद जैन ने बताया कि अमर पारवानी के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ के व्यापारियों और बिजनेस डेलीगेट्स ने महोत्सव में बड़ी संख्या में सहभागिता की।

उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के व्यापारियों के लिए यह आयोजन महज प्रदर्शनी नहीं रहा, बल्कि राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय व्यापारिक नेटवर्क से जुड़ने, नए बाजार तलाशने और कारोबारी विस्तार के अवसर प्राप्त करने का महत्वपूर्ण मंच साबित हुआ।

छत्तीसगढ़ के प्रतिनिधियों ने B2B मीटिंग्स, बिजनेस नेटवर्किंग और नई तकनीकों से परिचय के माध्यम से विभिन्न क्षेत्रों के व्यापारियों, निर्माताओं, खरीदारों और निवेशकों के साथ संवाद किया। डिजिटल समाधान, ई-कॉमर्स, लॉजिस्टिक्स, विनिर्माण, पर्यटन, कृषि और खाद्य प्रसंस्करण जैसे क्षेत्रों में भी नए अवसरों पर चर्चा हुई।

अमर पारवानी ने कहा कि महोत्सव ने छत्तीसगढ़ के व्यापारियों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजारों से सीधे जुड़ने का अवसर दिया। नए व्यापारिक संपर्कों के जरिए प्रदेश के व्यापारियों को नए बाजार, ग्राहक और साझेदार तलाशने का अवसर मिला।

स्टार्टअप और इनोवेशन पर भी रहा जोर

महोत्सव में CAIT की नई पहल ‘भारत इनोवेशन एंड स्टार्टअप एक्सचेंज (BISE)’ भी प्रमुख आकर्षण रही। इसके तहत 150 से अधिक स्टार्टअप पिच सत्र, 8 पैनल चर्चाएं और 35 विशेषज्ञों की भागीदारी हुई। आयोजकों के अनुसार, करीब ₹500 करोड़ की औसत निवेश क्षमता वाले 50 से अधिक निवेशकों ने भी इसमें हिस्सा लिया।

इसके अलावा 18 ज्ञानवर्धक सत्र, 2 कंट्री डायलॉग और 36 आई-टॉक्स सत्र आयोजित किए गए। इनमें व्यापार, तकनीक, नवाचार, निवेश, निर्यात और आर्थिक विकास जैसे विषयों पर चर्चा हुई। 150 से अधिक प्रवासी भारतीयों (NRIs) की भागीदारी से भारतीय व्यापार जगत और वैश्विक भारतीय समुदाय के बीच संपर्क भी मजबूत हुआ।

परमानंद जैन ने कहा कि भारतीय व्यापार महोत्सव 2026 की सफलता ने भारतीय व्यापार और उद्यमिता की बढ़ती शक्ति को प्रदर्शित किया है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के व्यापारियों की बड़ी भागीदारी यह दर्शाती है कि प्रदेश का व्यापारी वर्ग नई तकनीक अपनाकर राष्ट्रीय और वैश्विक बाजारों में विस्तार के लिए तैयार है।

उन्होंने कहा कि ‘लोकल से ग्लोबल’ की दिशा में छत्तीसगढ़ के व्यापारियों की यह भागीदारी प्रदेश की नई व्यापारिक संभावनाओं और आत्मनिर्भर छत्तीसगढ़ की मजबूत तस्वीर प्रस्तुत करती है।