
0 पहले दिन ही शालाओं में जा धमके अधिकारी
0 लापरवाह 19 शिक्षकों को थमाए शो कॉज नोटिस
बकावंड। विकासखंड के स्कूलों में प्रवेश उत्सव हर्षोल्लास से मनाया गया। अधिकारियों ने सुदूर अंचलों में मोर्चा सम्हाल लिया था।इस दौरान लापरवाही बरतने वाले पर 19 शिक्षकों को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए।
बकावंड ब्लॉक में शिक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने, प्रशासनिक कसावट लाने और नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत को यादगार बनाने के लिए अधिकारियों द्वारा स्कूलों का सघन दौरा किया गया। इस दौरान सुदूर वनांचल क्षेत्रों में गरिमामय तरीके से प्रवेश उत्सव मनाया गया। साथ ही व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने के लिए स्कूलों का औचक निरीक्षण भी किया गया। प्रशासनिक टीम ने क्षेत्र के बच्चों का उत्साहवर्धन करने के लिए विभिन्न स्कूलों में पहुंचकर प्रवेश उत्सव कार्यक्रम में हिस्सा लिया।
डीईओ बीआर बघेल ने तोड़ी मिथक
बस्तर के जिला शिक्षा अधिकारी बलिराम बघेल द्वारा बकावंड विकासखंड के अंतिम छोर पर स्थित और कोंडागांव जिले की सीमा से लगे लावागांव मोहली के स्कूलों का दौरा किया गया। उल्लेखनीय है कि इस सुदूर वनांचल क्षेत्र के स्कूलों में आज तक पूर्व में कोई भी जिला शिक्षा अधिकारी निरीक्षण के लिए नहीं पहुंचे थे। यहां संयुक्त प्रशासनिक टीम ने बच्चों के साथ प्रवेश उत्सव मनाया और उनका उत्साहवर्धन किया बोरीगुम्मा हाई स्कूल में भी जिला शिक्षा अधिकारी बलिराम बघेल की उपस्थिति में प्रवेश उत्सव का शानदार आयोजन किया गया। इस दौरान वहाँ सभी ग्रामीण, जनप्रतिनिधि और संकुल के समस्त शिक्षक उपस्थित पाए गए।
जेडी सोम भी पहुंचे स्कूलों मे
प्रवेश उत्सव के साथ-साथ स्कूलों की वास्तविक स्थिति और व्यवस्थाओं का जायजा लेने के लिए अधिकारियों द्वारा कड़ा रुख अपनाया गया। नए सत्र के प्रथम दिन जिला शिक्षा अधिकारी बलिराम बघेल, विकासखंड शिक्षा अधिकारी चंद्रशेखर यादव और खंड स्रोत समन्वयक सोन सिंह बघेल की संयुक्त टीम द्वारा विकासखंड के 18 स्कूलों का औचक निरीक्षण किया गया। इस दौरान व्यवस्थाओं की बारीकी से जांच की। इसी तारतम्य में संयुक्त संचालक एचआर सोम द्वारा भी स्वयं मोर्चा संभालते हुए नलपावंड, तारापुर और उलनार सहित अन्य स्कूलों का औचक निरीक्षण किया गया।
सामने आईं लापरवाहियां
संयुक्त संचालक एचआर सोम और जिला शिक्षा अधिकारी बलिराम बघेल के निरीक्षण के दौरान गंभीर मामला प्रकाश में आया कि कई स्कूलों द्वारा उच्च शालाओं में प्रवेश के छात्र-छात्राओं को आज पर्यंत तक ट्रांसफर सर्टिफिकेट प्रदान नहीं किए गए हैं। इसके चलते बच्चों को आगे की पढ़ाई में असुविधा हो रही है। स्कूलों में स्वच्छता को लेकर भारी उदासीनता देखी गई। विशेष रूप से टेंपल कुमार हाई स्कूल में साफ-सफाई का घोर अभाव पाया गया। विकासखंड शिक्षा अधिकारी चंद्रशेखर यादव द्वारा बार-बार बैठकों में कड़े निर्देश दिए जाने के बावजूद शिक्षकों, प्राचार्यों और संकुल समन्वयकों द्वारा कार्य में अत्यधिक लापरवाही बरती गई। इस घोर लापरवाही और उदासीनता को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन द्वारा त्वरित और सख्त दंडात्मक कार्रवाई की गई है। कर्तव्य में लापरवाही बरतने वाले 19 स्कूलों के प्राचार्यों, शिक्षकों और संकुल समन्वयकों को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं। जिला शिक्षा अधिकारी बलिराम बघेल द्वारा टेंपल कुमार हाई स्कूल के प्राचार्य एवं डिमरापाल प्राइमरी व मिडिल स्कूल के हेडमास्टर के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। विकासखंड शिक्षा अधिकारी चंद्रशेखर यादव को इन सभी लापरवाह प्रभारियों का वेतन रोकने संबंधी कार्रवाई तत्काल सुनिश्चित करने के लिए निर्देशित किया गया है।
गूंजा शिक्षा का संदेश
नवीन शैक्षणिक सत्र 2026-27 के शुभारंभ अवसर पर 16 जून को बकावंड ब्लॉक के संकुल केंद्र मैलबेड़ा में शाला प्रवेश उत्सव का उत्साहपूर्ण आयोजन किया गया। कार्यक्रम में नवप्रवेशी विद्यार्थियों का तिलक लगाकर स्वागत किया गया तथा उन्हें गणवेश एवं निःशुल्क पाठ्य पुस्तकों का वितरण किया गया। शाला खुलने के प्रथम दिवस विद्यालय परिसर बच्चों की चहल-पहल, मुस्कान और उत्साह से सराबोर दिखाई दिया। नए विद्यार्थियों के चेहरों पर शिक्षा के प्रति उत्सुकता और उमंग साफ झलक रही थी।जनप्रतिनिधियों एवं शिक्षकों ने बच्चों का स्वागत करते हुए उन्हें नियमित रूप से विद्यालय आने, मन लगाकर अध्ययन करने तथा अपने उज्ज्वल भविष्य के निर्माण के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि शिक्षा ही वह माध्यम है जो बच्चों को बेहतर भविष्य की ओर अग्रसर करती है। इस अवसर पर संकुल प्राचार्य नेपाल सिंह दिल्लीवार, संकुल समन्वयक नरेश कुमार पांडे, विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाएं, जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में अभिभावक उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान बच्चों को नियमित उपस्थिति, अनुशासन एवं गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के महत्व की जानकारी दी गई। पूरे आयोजन में उत्साहपूर्ण और सकारात्मक वातावरण देखने को मिला, जिससे नए शैक्षणिक सत्र की शानदार शुरुआत हुई।”हर बच्चा स्कूल जाए, शिक्षा से भविष्य बनाए” के संदेश के साथ शाला प्रवेश उत्सव का सफल आयोजन संपन्न हुआ। यह आयोजन ग्राम पंचायत मैलबेड़ा में शिक्षा के प्रति जागरूकता और बच्चों के विद्यालय से जुड़ाव को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हुआ।
राजपुर में बच्चों का स्वागत
बस्तर विकासखंड के संकुल केंद्र राजपुर में शैक्षणिक सत्र 2026-27 का शुभारंभ शाला प्रवेशोत्सव के साथ किया गया। कार्यक्रम में संकुल की सभी शालाओं के विद्यार्थी, नवप्रवेशी बच्चे, शिक्षक, जनप्रतिनिधि, अभिभावक व ग्रामीण शामिल हुए। नवप्रवेशी बच्चों का तिलक लगाकर और मुंह मीठा कराकर स्वागत किया गया। विद्यार्थियों को निःशुल्क पाठ्यपुस्तकें और गणवेश बांटे गए। ग्रामीणों ने भी बच्चों को पेन भेंट कर उत्साह बढ़ाया। मुख्य अतिथि सरपंच रचना कश्यप और बीईओ भारती देवांगन ने बच्चों को मिठाई खिलाकर नए सत्र की बधाई दी। बीईओ श्रीमती देवांगन ने कहा कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा से ही समाज और राष्ट्र का भविष्य मजबूत होगा। उन्होंने शिक्षकों से नवाचार अपनाने और शिक्षा को आनंददायी बनाने को कहा। साथ ही अभिभावकों से बच्चों को नियमित स्कूल भेजने की अपील की।कार्यक्रम के बाद “एक पेड़ मां के नाम” अभियान के तहत सामूहिक वृक्षारोपण किया गया। जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, शिक्षकों और ग्रामीणों ने पौधों की देखभाल का संकल्प लिया।संकुल के शिक्षकों ने नवप्रवेशी बच्चों के लिए न्योता भोजन का आयोजन किया। खीर-पूड़ी समेत बस्तरिया व्यंजन परोसे गए। एबीईओ सुशील तिवारी ने भी बच्चों के साथ बैठकर भोजन किया। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन से बच्चों और समाज के बीच अपनत्व बढ़ता है। संकुल प्राचार्य चरण बघेल ने आभार व्यक्त करते हुए कहा कि विद्यालय और समाज के समन्वय से ही बच्चों का भविष्य उज्ज्वल होगा। इस मौके पर सामनाथ कश्यप, गंभीर नाथ कश्यप, भदरू मौर्य, डमरू मौर्य, रघुनाथ कश्यप, विजय कश्यप, साईं कश्यप, रूपेश बघेल, पप्पु कश्यप, संकुल प्राचार्य चरण बघेल सहित बड़ी संख्या में लोग उपस्थित थे।