0 तेलंगाना और महाराष्ट्र के 9 मवेशी तस्कर अरेस्ट
0 उल्लूर घाटी चिल्लामरका जंगल के रास्ते तस्करी
जगदलपुर। बस्तर संभाग के बीजापुर जिले की भोपालपटनम थाना पुलिस ने अंतर्राज्यीय मवेशी तस्कर गिरोह को पकड़ा है। गिरोह के नौ सदस्य गिरफ्तार किए गए हैं और उनसे गाय, बैल, बछ्ड़ों समेत कुल 171 मवेशी बरामद किए गए हैं। भोपालपटनम पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि मवेशी तस्करों द्वारा उल्लूर घाटी- चिल्लामरका के जंगल रास्ते से होते हुए कृषि पशुओं को हांककर तेलंगाना राज्य की ओर ले जाया जा रहा है। इस सूचना के आधार पर थाना बल द्वारा पशुओं को हांककर ले जाते हुए मवेशी तस्करों को पकड़ा गया।
पकड़े गए मवेशी तस्करों में थिपनपल्ली संजीव पिता थिपनपल्ली नरसैया उम्र 48 वर्ष निवासी नरसिंगपुर गांदीकामारम करीमनगर बोरला गुंडेम तेलंगाना, हटकर राजू पिता हटकर तुलसी राम उम्र 52 वर्ष जाति बंजारा लंबाड़ा निवासी बोरलागुडेम करीमनगर तेलंगाना, कटकुरी मजनू पिता कटकुरी रवि उम्र 23 वर्ष निवासी कारिनदेव पेटा थाना मुलगु जिला मुलगु तेलंगाना, विनोद नारायण झाडे पिता राजीग्य झाड़े उम्र 35 वर्ष निवासी येचली पोस्ट मन्नेराजाराम येचली एस मानणे राजाराम गढ़चिरोली मानणे महाराष्ट्र व्येक्टी गोडया दुर्गे पिता गोडया उम्र 62 वर्ष निवासी येचली पोस्ट मन्नेराजाराम येचली एस मानणे राजाराम गढ़चिरोली मानणे महाराष्ट्र, व्येकंटी राजीग्या दुर्गे पिता राजीग्या उम्र 47 वर्ष निवासी येचली पोस्ट मन्नेराजाराम येचली एस मानणे राजाराम गढ़चिरोली मानणे महाराष्ट्र, प्रवीण शंकर दुर्गे पिता शंकर उम्र 19 वर्ष निवासी येचली पोस्ट मन्नेराजाराम येचली एस मानणे राजाराम गढ़चिरोली मानणे महाराष्ट्र, अक्षय अजमेरा पिता राउजी अजमेरा उम्र 24 वर्ष जाति बंजारा निवासी येचली पोस्ट मन्नेराजाराम येचली एस मानणे राजाराम गढ़चिरोली मानणे महाराष्ट्र और अशोक गुगलेम पिता स्व. कन्हैया गुगलेम उम्र 30 वर्ष निवासी सकनापल्ली थाना मोदकपाल जिला बीजापुर शामिल हैं। पूछताछ के दौरान आरोपियों के पास पशु स्वामित्व एवं परिवहन संबंधी कोई वैध दस्तावेज नहीं पाए गए। मौके पर गवाहों की उपस्थिति में 171 नग कृषक पशु बरामद किए गए। पकड़े गये गौवंश तस्करों में तेलंगाना के 3, महाराष्ट्र के 5 और बीजापुर छग के 1 शामिल हैं। तस्करों के कब्जे से मुक्त कराये गए पशुओं को नगर पंचायत भोपालपटनम गौठान में रखा गया है। सीमावर्ती एवं ग्रामीण क्षेत्रों में सक्रिय ऐसे तस्करी नेटवर्क के विरुद्ध कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। आरोपियों के विरुद्ध छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण संशोधन अधिनियम 2011 एवं पशु क्रूरता निवारण अधिनियम 1960 की धाराओं के तहत मामला दर्ज कर न्यायालय में रिमांड पर प्रस्तुत किया गया है।