रायपुर। छत्तीसगढ़ में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) के कर्मचारी अपनी 10 सूत्रीय मांगों, जिसमें नियमितीकरण भी शामिल है, को लेकर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं। इस बीच, राज्य सरकार ने कड़ा रुख अपनाते हुए हड़ताली कर्मचारियों को अल्टीमेटम जारी किया है। स्वास्थ्य विभाग ने आदेश दिया है कि जो कर्मचारी ड्यूटी पर नहीं लौटेंगे, उनकी सेवाएं समाप्त कर दी जाएंगी। साथ ही, ‘नो-वर्क, नो-पे’ का नोटिस भी जारी किया गया है।
स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा,संविदा कर्मचारियों को काम के बिना वेतन नहीं मिलेगा। यह हड़ताल लंबे समय से चल रही है, जिसके कारण अस्पतालों की व्यवस्थाएं प्रभावित हो रही हैं। इसलिए विभाग को यह कड़ा कदम उठाना पड़ा।
प्रदेश में लगभग 16,000 NHM कर्मचारी पिछले दो हफ्तों से अधिक समय से हड़ताल पर हैं, जिससे स्वास्थ्य सेवाओं पर बुरा असर पड़ रहा है। हाल ही में कर्मचारियों ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से मुलाकात की थी और अपनी कम से कम पांच मांगों पर चर्चा की मांग की थी।
भागवत के बयान पर सियासी घमासान: जायसवाल का भूपेश बघेल को जवाब
RSS प्रमुख मोहन भागवत के तीन बच्चे पैदा करने” वाले बयान पर छत्तीसगढ़ में सियासी बवाल मचा हुआ है। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने तंज कसते हुए कहा था, क्या बच्चे गुंडागर्दी करने या बीजेपी को वोट देने के लिए पैदा किए जाएंगे? इसके जवाब में स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने पलटवार करते हुए कहा कांग्रेस को हर हिंदू गुंडा नजर आता है। भूपेश बघेल का बयान हिंदू समाज के खिलाफ है। यह देश सनातन संस्कृति का देश है, और यहां जन्मा हर व्यक्ति हिंदुस्तानी है।