कबीआसना में माहरा- माड़िया समाज की सामाजिक रीति-रिवाजों के बीच खर्चा धरनी कार्यक्रम संपन्न

० दोनों समाजों ने अपने-अपने नीति-नियम, रीति-रिवाज और परंपराओं के अनुसार रखी बात; आपसी वार्ता के बाद बनी सहमति

बस्तर। ग्राम कबीआसना में माहरा समाज के युवक एवं माड़िया समाज की युवती के विवाह संबंधी खर्चा धरनी कार्यक्रम सामाजिक परंपराओं और आपसी सहमति के साथ संपन्न हुआ। कार्यक्रम के दौरान दोनों समाजों के सामाजिक नीति-नियम, रीति-रिवाज एवं परंपराओं के अनुसार समाजजनों ने अपनी-अपनी बातें रखीं। खर्च एवं अन्य सामाजिक विषयों को लेकर दोनों पक्षों के बीच चर्चा और वार्ता हुई।

कार्यक्रम के दौरान कुछ विषयों पर आपसी विचार-विमर्श एवं मतभेद की स्थिति भी बनी, लेकिन समाज के वरिष्ठजनों की समझाइश और सकारात्मक पहल से बातचीत के माध्यम से समाधान निकाला गया। अंततः दोनों समाजों की सहमति से सभी बातों को स्वीकार करते हुए खर्चा धरनी कार्यक्रम शांतिपूर्ण एवं सामाजिक सौहार्द के साथ संपन्न हुआ।

इस अवसर पर माहरा समाज के संभागीय सांस्कृतिक अध्यक्ष मंगलू राम कश्यप, नवल नाग, जिला संरक्षक चमरा पाइक, पीलूराम, ग्राम के सरपंच, कोटवार सहित समाज के वरिष्ठजन, माताएं-बहनें, युवा साथी एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।

कार्यक्रम में उपस्थित समाजजनों ने कहा कि सामाजिक परंपराओं और रीति-रिवाजों को सम्मान देते हुए आपसी बातचीत एवं सहमति से विवादों का समाधान करना समाज की एकजुटता और भाईचारे को मजबूत करता है। कबीआसना में संपन्न यह कार्यक्रम दोनों समाजों के बीच आपसी समझ, सम्मान और सामाजिक समरसता का संदेश देता नजर आया।