0 भानपुरी में सरकार के खिलाफ कांग्रेस ने किया बड़ा प्रदर्शन
जगदलपुर। मौजूदा खरीफ सीजन में बुवाई शुरू होते ही बस्तर क्षेत्र के किसानों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। सहकारी समितियों में खाद-बीज की भारी किल्लत और ग्रामीण इलाकों में डीजल-पेट्रोल की कथित कालाबाजारी को लेकर ब्लॉक कांग्रेस कमेटी भानपुरी के नेतृत्व में किसानों और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने नेशनल हाईवे 30 के भानपुरी स्थित मुख्य चौराहे चक्काजाम एवं उग्र प्रदर्शन किया। ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष धनुर्जय नेताम के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ताओं और किसानों ने सरकार की नीतियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और प्रशासनिक अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर त्वरित कार्रवाई की मांग की।

प्रदर्शन के दौरान पूर्व विधायक चंदन कश्यप ने कहा कि यह किसानों के लिए सबसे महत्वपूर्ण बुवाई का समय है। ऐसे समय में सरकार को किसानों को राहत देनी चाहिए थी, लेकिन इसके उलट उनकी मुश्किलें बढ़ाई जा रही हैं। प्रदेशभर की सहकारी समितियों में डीएपी खाद का संकट गहराता जा रहा है। किसान सोसायटियों के चक्कर काटने को मजबूर हैं, उन्हें खाली हाथ लौटना पड़ रहा है। ब्लॉक युवा कांग्रेस अध्यक्ष धर्मा पाढ़ी ने आरोप लगाते हुए कहा कि खाद ब्लैक में बिक रही है, कालाबाजारियों को संरक्षण दिया जा रहा है। एक तरफ जहां सहकारी सोसायटियों में खाद का एक कट्टा तक उपलब्ध नहीं है, वहीं दूसरी तरफ निजी दुकानों में भारी मात्रा में डीएपी मनमाने और ऊंचे दामों पर बेची जा रही है। लगातार मिल रही शिकायतों के बावजूद स्थानीय प्रशासन कालाबाजारी करने वालों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं कर रहा है। वहीं ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष धनुर्जय नेताम ने तीखे सवाल उठाते हुए कहा- आखिर किसानों की जेब पर डाका डालने वाले इन मुनाफाखोरों को किसका संरक्षण प्राप्त है?खेतों की जुताई और बोनी के लिए ट्रैक्टरों को डीजल की सख्त जरूरत है। लेकिन एक तरफ ईंधन की कीमतें आसमान छू रही हैं और दूसरी तरफ ग्रामीण क्षेत्रों में पर्याप्त डीजल भी नहीं मिल रहा है। महंगे और किल्लत वाले ईंधन के कारण किसानों की खेती की लागत दोगुनी होती जा रही है। एक ओर भाजपा सरकार किसानों की आय बढ़ाने के बड़े-बड़े दावे करती है, वहीं दूसरी ओर जमीनी हकीकत यह है कि किसान अपनी फसल बोने के लिए भी दर-दर भटक रहा है। गंभीर स्थिति को देखते हुए पूर्व विधायक चंदन कश्यप ने प्रशासनिक अधिकारियों से विस्तृत चर्चा की और साफ शब्दों में चेतावनी दी कि यदि किसानों की समस्याओं का तुरंत समाधान नहीं किया गया, तो आंदोलन को और उग्र रूप दिया जाएगा।कांग्रेस और किसानों ने सहकारी समितियों में तुरंत पर्याप्त मात्रा में डीएपी खाद और उन्नत बीज उपलब्ध कराने, खाद-बीज और डीजल की कालाबाजारी करने वाले निजी दुकानदारों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई करने और ग्रामीण क्षेत्रों में किसानों के लिए डीजल की सुचारू आपूर्ति सुनिश्चित करने की मांग की है। चंदन कश्यप ने कहा कि भाजपा सरकारों की किसान विरोधी नीतियों और प्रशासनिक विफलता का खामियाजा आज प्रदेश का अन्नदाता भुगत रहे हैं। सरकार को अपनी नींद से जागना होगा और तुरंत किसानों को राहत देनी होगी।
इस दौरान नारयणपुर पूर्व विधायक चंदन कश्यप, बस्तर जिला कांग्रेस कमेटी ग्रामीण के अध्यक्ष प्रेमशंकर शुक्ला, ब्लॉक अध्यक्ष धनुर्जय नेताम, श्याम दीवान उपाध्यक्ष डीसीसी बस्तर, ग्रामीण जिला उपाध्यक्ष निलय कश्यप, ब्लॉक प्रभारी लक्षमण कश्यप, जिला उपाध्यक्ष जितेंद्र जैन, महामंत्री जीवन सेठिया, आदिवासी ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष बबलू बघेल, इंद्रावती संघर्ष समिति अध्यक्ष लखेश्वर कश्यप, युवा ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष धर्मा पाढ़ी, वरिष्ठ कांग्रेसी श्यामसुंदर पांडे, श्याम कुमारी ध्रुव, मोसू बघेल, अभिषेक बाजपेई, सत्यकांत कश्यप, पुनऊ कश्यप, गोपाल वैद, जेठू कोर्राम, कृष्णा कश्यप, रुपनाथ कश्यप, डमरू कश्यप एवं अन्य कांग्रेस कार्यकर्ता व किसान उपस्थित थे।