भाजपा की तालिबानी मानसिकता ही युवाओं को दिमागी नक्सली बता रही – कांग्रेस

० भाजपा कितना भी तिलमिलाए युवाओं को नक्सली बताए जाने का कांग्रेस विरोध करती है

रायपुर। कांग्रेस ने भाजपा सांसद संतोष पांडे और मंत्री केदार कश्यप द्वारा कांग्रेस को नक्सली समर्थक बताए जाने का कड़ा विरोध किया है। कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि प्रधानमंत्री लालकिला से देश के युवाओं को अप्रत्यक्ष तौर पर दिमागी नक्सली बताते है उसका विरोध होने पर भारतीय जनता पार्टी के नेता विपक्ष सहित समूचे देश के बुद्धिजीवियों को नक्सली समर्थक बताने लगे हैं। भाजपा का यह चरित्र बताता है कि भाजपा तालिबानी मानसिकता से ग्रसित है जो अपना विरोध कदापि भी बर्दास्त नहीं कर पा रहीं।प्रधानमंत्री और भाजपा देश के लोकतान्त्रिक चरित्र असहमति को हजम नहीं कर पा रहे है ।जब तक लोग उनकी नीतियों से सहमत हो कर उनके पक्ष वोट डालते रहे सब ठीक था जैसे लोग उनके खिलाफ में खड़े है, उनकी विफलता पर आवाज उठा रहे तो वे नक्सली हो गए है। भाजपा का यही वास्तविक चरित्र है जो असहमति को देशद्रोह से जोड़ने की कोशिश करती है लेकिन अब भाजपा का यह प्रपंच और नहीं चलने वाला।

प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि अपने हक और अधिकार की मांग करना हर नागरिक का संवैधानिक अधिकार है। देश के युवा बेहतर भविष्य और निष्पक्ष परीक्षा प्रणाली के लिए जंतर-मंतर से लेकर पूरे देश में सड़कों पर उतरे थे। युवाओं का आंदोलन पूरी तरह गांधीवादी और शांतिपूर्ण था, युवाओं ने तमाम उकसावे की कार्यवाही लाठीचार्ज, पैलेटगन, आंसू गैस, पानी की बौछार छात्राओं के साथ की गयी अभद्रता को भी सहा, लेकिन आंदोलन अहिंसक नहीं हुआ उसके बाद देश का प्रधानमंत्री अपने ही देश के युवाओं को नक्सलवादी बताये यह सर्वथा अस्वीकार्य है।

प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि वैचारिक असहमति और लोकतांत्रिक अधिकारों को कुचलने के लिए रचा गया नया षड़यंत्र है। इवेंट जीवी मोदी सरकार के पास जब-जब असल समाचारों पर जवाब नहीं होते, तब-तब ऐसे शब्द इजात किये जाते है। ‘‘अर्बन नक्सल’’ और ‘‘टुकड़े-टुकड़े गैंग’’ जैसे तथ्यहीन आरोपों का नया संस्करण है। शिक्षा, स्वास्थ्य, बिजली, पानी, सड़क, महंगाई और बढ़ती असमानता पर जवाबदेही से यह सरकार बचना चाहती है

प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि प्रधानमंत्री ने लालकिला से युवाओं के संदर्भ में जो टिप्पणी किया है वह भाजपा की फासीवादी मानसिकता है जो अपने खिलाफ उठने वाली आवाज को कदापि भी बर्दाश्त नहीं करती है। युवाओं का आंदोलन किस प्रकार से नक्सली मानसिकता का था भाजपा को इसका जवाब देना चाहिए। देश के वृद्ध प्रधानमंत्री जिन्हें खुद को पूरे देश की अभिभावक समझना चाहिए। लालकिले की प्राचीर से अपने ही देश के युवाओं पर बेबुनियाद आरोप लगाया है जो लोकतंत्र के लिए अनुचित है।