हल्द्वानी की घृणित घटना के विरोध में कांग्रेस ने निकाली पैदल मार्च तथा सत्याग्रह

0 लगातार तीसरे दिन ईडी के खिलाफ कांग्रेस ने किया धरना प्रदर्शन

रायपुर। कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के उत्तराखंड के हल्द्वानी में कांग्रेस की एक रैली को संबोधित किया था। उनकी रैली के बाद भाजपा के सहयोगी संगठनों एवं हिन्दू राइट विंग के द्वारा खड़गे जी के मंच का शुद्धीकरण किया गया। यह भाजपा की घृणित विचार धारा का परिचायक की खड़गे जी दलित वर्ग से आते है इसलिए उनके उपयोग करने से मंच अपवित्र हो गया। इस मानसिकता के विरोध में कांग्रेस ने राजीव गांधी चौक से बाबा साहेब अंबेडकर की प्रतिमा तक मार्च निकाल कर सत्याग्रह किया।

इस अवसर पर एआईसीसी महासचिव एवं पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा है कि यह घटना बेहद आहत करने वाला और निंदनीय है, यह भाजपा की जातिगत भेदभाव, संकीर्ण मानसिकता और दलित विरोधी सोच को दर्शाती है। अगर भाजपा-RSS को दलितों से इतनी ही घृणा है, तो ट्रेन, बस, हवाई यात्रा भी ना करें। इनको तो भोजन भी नहीं करना चाहिए, क्योंकि अन्न और सब्जियां भी दलितों के श्रम से ही इनके घर तक पहुंचती हैं।

एआईसीसी महासचिव एवं पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा है कि अंग्रेजों के चाटुकारों के वैचारिक वंशज आज भी विभाजनकारी नीतियों पर ही चल रहे हैं। समाज में द्वेष और वर्ग संघर्ष को बढ़ावा देना चाहते हैं। न्यायपालिका से भी आग्रह है कि इस असंवैधानिक और अमानवीय कृत्य पर स्वतः संज्ञान लेकर निष्पक्ष जांच करें और दोषियों के विरुद्ध तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करें।

एआईसीसी महासचिव एवं पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा है कि जातिगत भेदभाव का लोकतांत्रिक भारत में कोई स्थान नहीं है। हम लोकतांत्रिक और संवैधानिक तरीके से संघी भाजपाइयों के द्वारा भेदभावपूर्ण ऐसी ओछी मानसिकता का पुरजोर विरोध करते हैं।

ईडी के खिलाफ दूसरे दिन कांग्रेस का धरना

ईडी के द्वारा कांग्रेस नेताओं के खिलाफ की जा रही कार्यवाही तथा कांग्रेस नेता रामगोपाल अग्रवाल की गिरफ्तारी के विरोध में कांग्रेस का तीसरे दिन भी धरना जारी रहा। रायपुर शहर जिला एवं ग्रामीण जिला के तत्वाधान में आयोजित इस धरने में एआईसीसी महासचिव एवं पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल भी शामिल हुए।

एआईसीसी महासचिव एवं पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी कांग्रेस का सीधा राजनैतिक मुकाबला नहीं कर पा रही तो वह ईडी को आगे कर के अपने मंतव्य पूरा करना चाहती है। जैसे भाजपा का मोर्चा संगठन, भाजपा युवा मोर्चा है, भारतीय जनता महिला मोर्चा, किसान मोर्चा है वैसे ही ईडी भी अब भारतीय जनता ईडी मोर्चा, आईटी, भारतीय जनता आईटी मोर्चा, सीबीआई, भारतीय जनता सीबीआई मोर्चा बन चुकी है। यह बात छत्तीसगढ़ का एक-एक नागरिक देख रहा है कि कांग्रेस की राजनैतिक गतिविधियां रोकने भाजपा ईडी के साथ साजिश कर रही है। भाजपा केंद्रीय जांच एजेंसियों का दुरूपयोग कर कांग्रेस की छवि खराब करने का षड़यंत्र रच रही है। ईडी बिना किसी प्रमाण के कांग्रेस के नाम का उल्लेख कर भाजपा के राजनैतिक उद्देश्यों को पूरा करने के काम में लगी है, जिन कथित आरोपों को अदालत के सामने रखना है, जिन आरोपों के यदि सबूत है उसे अदालत में सिद्ध करना है, उसे बिना अदालत में सिद्ध किये मीडिया के माध्यम से जनता के बीच में पहुंचाने का मतलब साफ है कि ईडी केवल और केवल राजनैतिक एजेंडे को लेकर कार्यवाही कर रही है। ईडी की कार्यवाही भाजपा के राजनैतिक बदला निकालने की साजिश का हिस्सा है। कांग्रेस नेता रामगोपाल की गिरफ्तारी भी ईडी और भाजपा की साजिशों का परिणाम है।

पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, राजेंद्र तिवारी, सुशील आनंद शुक्ला ,श्रीकुमार शंकर मेनन, राजेंद्र पप्पू बंजारे, प्रमोद दुबे, पंकज शर्मा, कुलदीप जुनेजा, प्रमोद चौबे, कन्हैया अग्रवाल, सुबोध हरितवाल, सुशील सनी अग्रवाल, डॉ राकेश गुप्ता, शिवसिंह ठाकुर, मोहम्मद असलम खान, सुनील कुकरेजा, सुंदर जोगी, नंद कुमार पटेल, जसवीर ढिल्लन, सोमेन चटर्जी, अविनय दुबे, प्रवीण चंद्राकर, दीपक चौबे, राज देवांगन, गौरी शंकर पांडे, ओम श्रीवास, सुजीत सिंह, मिलिंद गौतम, सुधा सरोज,डॉ अनुराम साहू, अंजुमन ढेबर, सुरेश जैन, किशन बजारी, सौरभ तिवारी, देव कुमार साहू, छबिलाल धीवर, अनिल रायचूरा, संदीप शर्मा, जावेद नकवी, नंदू सिंन्हा, सत्तू सिंह, मुन्ना मिश्रा, महेंद्र सेन, वेंकट कुमार, जीवन सागर, संजय सोनी, जितेंद्र यादव, उज्जवल राजपूत, मोहसिन खान, राजू दुबे, श्रीनाथ भोगल, प्रवेश लखवानी, राजू नायक, संदीप तिवारी, सुरेश बुधवानी, ज्ञानेंद्र सिंह, अशोक शर्मा, प्यारेलाल गायकवाड, नागेंद्र तिवारी, नवीन लाजारूस, सागर टांडी, पप्पू बागडे, गया प्रसाद महानंद, चौतन्य सिंह ठाकुर, ईश्वर चक्रधारी ऋषि देवांगन, शशि भूषण गौतम, देवव्रत श्रीवास, ईश्वर प्रसाद यादव, संजीव कुमार, राधे नायक, युधिष्ठी नायक, रबल मेहता, विजय सिक्का, भारत यादव, शहनाज बेगम, सेवाराम साहू, अभिषेक निर्मलकर, मोहम्मद इमरान, सुधीर बंजारे, हिमांशु जैन, टीकम सोनकर, अपराजित तिवारी, शिवम श्रीवास्तव, कुलदीप ध्रुव, सुशांत डे, प्रतीक तिवारी, ललित ओझा, नवीन भारती, शाहरुख अशरफी, ईश्वर जांगड़े, देविका मसीह, फिरोज चिश्ती, अज़ीज़ भिंसरा, संतोष बागमर, संग्राम सिंह नेताम, तबस्सुम बानो शामिल हुए।