जगदलपुर। जिले में साइबर ठगी का एक नया मामला सामने आया है, जहां ट्रैक्टर की लंबित किस्त जमा कराने के नाम पर एक ग्रामीण युवक से 50 हजार रुपये ठग लिए गए। ठगी का पता उस समय चला, जब ट्रैक्टर कंपनी की ओर से बकाया राशि जमा करने का नोटिस पहुंचा। पीड़ित ने मामले की शिकायत साइबर सेल में की है।
जानकारी के मुताबिक, बस्तर जनपद के फरसागुड़ा क्षेत्र के जुनावाही निवासी धर्मेंद्र कुमार ने जगदलपुर के एक ट्रैक्टर डीलर से फाइनेंस पर ट्रैक्टर खरीदा था। उसकी करीब 50 हजार रुपये की किस्त बकाया थी। इसी दौरान उसके मोबाइल पर एक अज्ञात व्यक्ति का फोन आया।
फोन करने वाले ने खुद को किस्त से संबंधित व्यक्ति बताते हुए कहा कि यदि जल्द भुगतान नहीं किया गया तो अतिरिक्त सरचार्ज देना पड़ेगा। उसकी बातों में आकर धर्मेंद्र ने बताए गए नंबर और ऑनलाइन माध्यम से अलग-अलग किस्तों में कुल 50 हजार रुपये जमा कर दिए।
कुछ समय बाद जब ट्रैक्टर कंपनी की ओर से बकाया राशि जमा करने का नोटिस मिला, तब धर्मेंद्र को ठगी का पता चला। इसके बाद उसने ऑनलाइन माध्यम से साइबर सेल में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस टीम अब संबंधित बैंक खाते और जिस मोबाइल नंबर से कॉल किया गया था, उसकी जांच कर रही है।
ठगी के तरीके लगातार बदल रहे
साइबर अपराधी अब लोगों को ठगने के लिए पुराने तरीकों के बजाय नए-नए बहाने अपना रहे हैं। पहले एटीएम कार्ड अपडेट कराने, मोबाइल टावर लगाने या लॉटरी लगने का झांसा देकर ठगी के मामले सामने आते थे। अब लोन की किस्त, सोशल मीडिया प्रोफाइल, मैरिज ब्यूरो और ऑनलाइन खरीद-बिक्री जैसे माध्यमों का इस्तेमाल किया जा रहा है।
जगदलपुर में ही एक युवक से मैरिज ब्यूरो के नाम पर करीब ढाई लाख रुपये की ठगी का मामला भी सामने आया है। युवक ने सोशल मीडिया पर मैरिज ब्यूरो का प्रोफाइल देखने के बाद दो हजार रुपये देकर पंजीयन कराया था। इसके बाद उसे एक युवती का नंबर दिया गया। बातचीत के दौरान अलग-अलग बहानों से उससे ऑनलाइन भुगतान कराया गया और कुल करीब ढाई लाख रुपये ठग लिए गए।
इसी तरह सोशल मीडिया अकाउंट हैक कर सेकंड हैंड सामान बेचने के नाम पर भी लोगों से ठगी किए जाने के मामले सामने आ चुके हैं। पुलिस लगातार लोगों से अपील कर रही है कि किसी भी अज्ञात व्यक्ति के कहने पर ऑनलाइन भुगतान न करें और किस्त या बैंक संबंधी जानकारी के लिए संबंधित कंपनी के आधिकारिक नंबर पर ही संपर्क करें।