बकावंड। विकासखंड बकावंड के अंतर्गत ग्राम पंचायत मैलबेड़ा में ‘सक्षम बस्तर’ परियोजना के परिचय एवं सामुदायिक उन्मुखीकरण के उद्देश्य से ग्राम सभा का आयोजन किया गया। ग्राम सभा में ग्रामीणों, जनप्रतिनिधियों, महिला स्व-सहायता समूहों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, मितानिनों तथा विभिन्न विभागों के अधिकारियों एवं कर्मचारियों की उपस्थिति में परियोजना की विस्तृत जानकारी साझा की गई।
बैठक में बताया गया कि सक्षम बस्तर परियोजना का प्रमुख उद्देश्य कुपोषण के दुष्चक्र को समाप्त करना, महिलाओं एवं बच्चों के स्वास्थ्य और पोषण स्तर में सुधार लाना, संवेदनशील परिवारों को सतत आजीविका के अवसर उपलब्ध कराना तथा पोषण सुरक्षा को मजबूत बनाना है। इसके तहत ग्राम स्तर पर सामुदायिक सहभागिता बढ़ाने, महिला समूहों को सशक्त करने, पोषण वाटिका विकसित करने, स्वास्थ्य एवं स्वच्छता के प्रति जागरूकता फैलाने, कौशल विकास और आयवर्धन गतिविधियों को बढ़ावा देने पर विशेष जोर दिया जाएगा।
परियोजना टीम ने ग्रामीणों को इसकी कार्ययोजना, अवधि, विभिन्न चरणों और ग्राम स्तर पर संचालित होने वाली गतिविधियों की विस्तारपूर्वक जानकारी देते हुए सभी से सक्रिय सहभागिता की अपील की। अधिकारियों ने कहा कि समुदाय की भागीदारी से ही गांव को कुपोषण मुक्त एवं आत्मनिर्भर बनाया जा सकता है।
ग्राम सभा के दौरान ग्राम पंचायत विकास योजना (GPDP) 2026-27 की कार्ययोजना पर भी विस्तृत चर्चा की गई। ग्रामीणों को बताया गया कि पंचायत क्षेत्र के समग्र विकास के लिए शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, सड़क, स्वच्छता, कृषि, सिंचाई, आजीविका, महिला एवं बाल विकास सहित विभिन्न क्षेत्रों की प्राथमिकताओं के आधार पर कार्ययोजना तैयार की जाती है। ग्रामीणों से अपने सुझाव और विकास संबंधी आवश्यकताएं प्रस्तुत करने का आग्रह किया गया ताकि ग्राम पंचायत की विकास योजना में उन्हें शामिल कर प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जा सके।
बैठक में ग्रामीणों ने भी गांव की विभिन्न समस्याओं एवं आवश्यकताओं को सामने रखा, जिन पर संबंधित अधिकारियों ने सकारात्मक पहल और पंचायत के सहयोग से समाधान का भरोसा दिलाया। अधिकारियों ने कहा कि सक्षम बस्तर परियोजना और जीपीडीपी के समन्वित क्रियान्वयन से ग्राम पंचायत के समग्र एवं समावेशी विकास को नई गति मिलेगी।
ग्राम सभा में सरपंच, पंचगण, पंचायत सचिव, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, मितानिन, महिला स्व-सहायता समूहों की सदस्याएं, युवा एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन स्वस्थ परिवार, कुपोषण मुक्त गांव, सशक्त समुदाय एवं सहभागी ग्राम विकास के सामूहिक संकल्प के साथ किया गया।