रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा के मानसून सत्र में बुधवार को मेकाहारा अस्पताल की बंद जांच मशीनों और खरीदी प्रक्रिया को लेकर विपक्ष और सत्ता पक्ष आमने-सामने आ गए। कांग्रेस विधायक शेषराज हरवंश ने प्रश्नकाल के दौरान स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल से सवाल किया कि वर्षों से खराब पड़ी मशीनों की मरम्मत क्यों नहीं हो रही और कैंसर जांच के लिए जरूरी मशीन अब तक चालू क्यों नहीं की गई।
जवाब में मंत्री जायसवाल ने बताया कि अस्पताल में कुल 161 जांच मशीनें हैं, जिनमें से 50 फिलहाल बंद हैं। उन्होंने कहा, “70 करोड़ की लागत से नई मशीनों की खरीदी हो रही है और 11 मशीनों की मरम्मत प्रक्रिया जारी है। कैंसर जांच की मशीन विदेश से आती है, उसे भी जल्द चालू किया जाएगा।”
इस पर हरवंश ने सरकार को घेरते हुए कहा, “यह मशीन 9 साल पहले खरीदी गई थी, जो अब तक चालू नहीं हो सकी।” जवाब में मंत्री ने कहा, “मशीन पूर्ववर्ती सरकार में अच्छे इरादे से खरीदी गई थी, लेकिन कुछ तकनीकी कारणों से चालू नहीं हो सकी। अब हम उसे शुरू करने की दिशा में काम कर रहे हैं। पर यह भी याद रखा जाए कि बीच में आपकी सरकार भी पांच साल रही।”
बहस में भाजपा विधायक अजय चंद्राकर ने भी हस्तक्षेप करते हुए कहा, “मैंने बीते पांच वर्षों में कई बार इस मुद्दे को उठाया है। यदि मशीनें चालू हो जाएं तो सैकड़ों मरीजों को इलाज मिल सकेगा। अगर खरीद प्रक्रिया में कोई अनियमितता हुई है, तो उसकी जांच भी होनी चाहिए।”