बजट में मोटर एक्सीडेंट क्लेम पर ब्याज को टैक्स मुक्त करना छग के पीड़ित परिवारों के लिए बड़ी राहत : परिवहन मंत्री केदार कश्यप

०  केंद्र सरकार का मानवीय फैसला, पीड़ितों को लाभ

जगदलपुर। छत्तीसगढ़ के परिवहन मंत्री केदार कश्यप ने केंद्रीय बजट 2026-27 में मोटर एक्सीडेंट क्लेम से जुड़े ब्याज को आयकर से पूर्णतः मुक्त किए जाने तथा उस पर टीडीएस समाप्त करने के ऐतिहासिक निर्णय का स्वागत किया है। श्री कश्यप ने इस मानवीय एवं जन-कल्याणकारी फैसले के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण तथा केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी के प्रति छत्तीसगढ़ की जनता की ओर से आभार व्यक्त किया है। मंत्री श्री कश्यप ने कहा कि छत्तीसगढ़ जैसे राज्य में, जहाँ ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों में सड़क दुर्घटनाओं के मामले सामने आते हैं, पीड़ित परिवारों को मुआवजा प्राप्त करने में लंबा समय लग जाता है। इस दौरान मुआवजे पर मिलने वाला ब्याज उनके लिए एक महत्वपूर्ण आर्थिक सहारा होता है, लेकिन अब तक उस पर कर एवं टीडीएस की कटौती से उन्हें वास्तविक लाभ नहीं मिल पाता था।

छत्तीसगढ़ को इस निर्णय से ये लाभ
मंत्री श्री कश्यप ने कहा है कि एक्सीडेंटल केसेस में मोटर एक्सीडेंट क्लेम ट्रिब्यूनल द्वारा दिए जाने वाले ब्याज पर अब कोई इनकम टैक्स नहीं लगेगा।टीडीएस पूरी तरह समाप्त होने से छत्तीसगढ़ के पीड़ितों को क्लेम की पूरी राशि सीधे प्राप्त होगी। यह प्रावधान 1 अप्रैल 2026 से लागू होगा और उसके बाद मिलने वाला ब्याज पूरी तरह कर मुक्त रहेगा। परिवहन मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि यह निर्णय उन परिवारों के लिए विशेष राहत है जो दुर्घटना में कमाने वाले सदस्य को खो देते हैं या गंभीर रूप से घायल होते हैं। टैक्स-मुक्त ब्याज से उन्हें इलाज, पुनर्वास और दैनिक जीवन की आवश्यकताओं में सीधी सहायता मिलेगी। श्री कश्यप ने कहा कि बजट 2026-27 में जहां कुल कर अनुमान लगभग 34 लाख करोड़ रखा गया है, वहीं मोटर एक्सीडेंट क्लेम पर दी गई छूट यह दर्शाती है कि केंद्र सरकार की प्राथमिकता केवल राजस्व जुटाना नहीं, बल्कि मानवीय संवेदना और सामाजिक न्याय भी है। मंत्री श्री कश्यप ने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार केंद्र सरकार के साथ मिलकर सड़क सुरक्षा, दुर्घटना पीड़ितों के अधिकारों की रक्षा और त्वरित न्याय सुनिश्चित करने के लिए निरंतर प्रयास करती रहेगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *