रायपुर। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के पुत्र चैतन्य बघेल की ईडी (प्रवर्तन निदेशालय) द्वारा गिरफ्तारी को लेकर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने प्रतिक्रिया दी है। मीडिया से बातचीत में सीएम साय ने कहा ईडी कोई भी कार्रवाई बिना ठोस सबूतों के नहीं करती। जब एजेंसी किसी को गिरफ्तार करती है, तो उसके पास पर्याप्त साक्ष्य होते हैं।
गौरतलब है कि चैतन्य बघेल को मनी लॉन्ड्रिंग के गंभीर आरोपों के तहत 18 जुलाई को ईडी ने गिरफ्तार किया। उन्हें रायपुर की विशेष अदालत में पेश किया गया, जहां से कोर्ट ने उन्हें पांच दिन की ईडी रिमांड पर भेज दिया है।
ईडी के अनुसार, चैतन्य बघेल का नाम राज्य में सामने आए बहुचर्चित शराब घोटाले, कोल परिवहन घोटाले और महादेव ऑनलाइन सट्टा ऐप से जुड़े हवाला नेटवर्क के जरिए मनी लॉन्ड्रिंग गतिविधियों में सामने आया है।
इससे पहले ईडी ने 10 मार्च 2025 को भूपेश बघेल समेत कई अन्य लोगों के ठिकानों पर बस्तर, भिलाई और रायपुर में छापेमारी की थी। कार्रवाई के दौरान एजेंसी को कई दस्तावेज, पेन ड्राइव और इलेक्ट्रॉनिक उपकरण मिले थे, जिनकी गहन जांच के बाद यह गिरफ्तारी की गई। करीब चार महीने की जांच के बाद, 18 जुलाई को ईडी ने फिर से भूपेश बघेल के निवास पर दबिश दी और उनके बेटे चैतन्य को हिरासत में लिया।