रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा में बिजली दरों में बढ़ोतरी को लेकर विपक्ष ने सरकार को घेरा और स्थगन प्रस्ताव पेश किया। हालांकि विधानसभा अध्यक्ष ने प्रस्ताव को अग्राह्य कर दिया, लेकिन इस मुद्दे पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने विस्तार से जवाब देते हुए स्थिति स्पष्ट की।
मुख्यमंत्री के जवाब के बाद नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “बिजली दरों में वृद्धि से आम उपभोक्ता और किसान वर्ग बुरी तरह प्रभावित है, जबकि बड़े औद्योगिक प्रतिष्ठानों से अपेक्षित वसूली नहीं की जा रही है।”
हालांकि स्थगन प्रस्ताव नामंजूर हो गया, लेकिन मुख्यमंत्री द्वारा विषय की गंभीरता को स्वीकारते हुए समाधान का आश्वासन देने पर डॉ. महंत ने धन्यवाद ज्ञापित किया। उन्होंने कहा, “मुख्यमंत्री ने विषय को गंभीरता से लिया है और हम उनके वक्तव्य के लिए आभार व्यक्त करते हैं।”
इस पूरे घटनाक्रम के दौरान सदन में बिजली दरों को लेकर जोरदार चर्चा और आरोप-प्रत्यारोप का दौर चलता रहा। विपक्ष को स्थगन प्रस्ताव खारिज होने पर भले निराशा हुई हो, लेकिन मुख्यमंत्री के जवाब ने आंशिक रूप से संतोष जरूर दिलाया।